नक्सलवाद समाप्ति पर सीएम-पूर्व सीएम आमने-सामने, भूपेश ने केंद्रीय गृह मंत्री शाह को दी बहस की चुनौती

रायपुर। छत्तीसगढ़ समेत पूरे देश से नक्सलवाद समाप्त हो चुका है। वहीं, इस मामले पर सियासत भी शुरू हो गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को नक्सलवाद के मुद्दे पर बहस की चुनौती दी है। उन्होंने सोशल मीडिया पर ट्वीट कर कहा कि अमित शाह झूठ बोलना बंद कीजिए। मंच, स्थान, तारीख और समय आप तय कर लीजिए, मैं बहस के लिए तैयार हूं।
साथ ही उन्होंने केपीएस गिल के इंटरव्यू की क्लीपिंग भी शेयर करते हुए कहा और सबूत चाहिए क्या शाहजी। बघेल ने कहा कि कांग्रेस सरकार में नक्सल समस्या को खत्म करने केंद्र की भाजपा सरकार को पूरा सहयोग किया गया था, लेकिन अमित शाह ने संसद में नक्सलवाद पर चर्चा के दौरान यह झूठ कहा कि कोई सहयोग नहीं किया था। सच्चाई तो यह है कि मदद भी की गई थी। साथ ही नक्सल मोर्चे पर जोखिम लेकर हमारी सरकार ने विकास के अनेक कार्य किए थे।
भूपेश का बयान तथ्यहीन
मुख्यमंत्री साय ने छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई को ऐतिहासिक दिन बताया है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि डबल इंजन सरकार के समन्वित प्रयासों और सुरक्षाबलों के अदम्य साहस से नक्सलवाद कमजोर हुआ है, जिससे छत्तीसगढ़ अब विकास, विश्वास और सुशासन की ओर बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री ने इस विषय पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बयानों को तथ्यहीन और अपनी विफलताओं को छिपाने का प्रयास बताया।
उन्होंने यह भी कहा कि भूपेश सरकार के समय न तो स्पष्ट रणनीति दिखी और न ही दृढ़ इच्छाशक्ति। मुख्यमंत्री ने बताया कि दशकों तक विकास से वंचित रहा बस्तर क्षेत्र अब तेजी से मुख्यधारा में लौट रहा है। साय ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के नक्सलवाद पर रुख को संदिग्ध बताते हुए उन पर भी निशाना साधा है।



